हिन्दुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) द्वारा 29.01.2026को गोवा में आयोजित आईईडब्ल्यू 2026 के दौरान आईआईटी कानपुर सहित इन्क्यूबेटेड डीप-टेक स्टार्टअप मराल एयरोस्पेस के साथ शेयर सब्सक्रिप्शन एवं शेयरधारक समझौता निष्पादित किया गया। यह पहल भारत के स्वच्छ-ऊर्जा एवं डीप-टेक एयरोस्पेस पारिस्थितिकी तंत्र को सुदृढ़करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। एचपीसीएल की स्टार्टअप सपोर्ट पहल ‘एचपी उद्गम’ के अंतर्गत, एचपीसीएल स्टार्टअप में ₹2 करोड़ का निवेश कर रहा है जिससे उत्पाद विकास, परीक्षण तथा प्रणालीप्रमाणीकरण को गति मिलेगी और उत्पाद के शीघ्र साकार होने एवं विस्तार में सहायता मिलेगी।
मराल एयरोस्पेस भारत का पहला स्वच्छ-ऊर्जा प्रणोदन से परिचालित सौर-ऊर्जा आधारित दीर्घ-एंड्योरेंस ड्रोन विकसित कर रहा है। यह उत्पाद उच्च-दक्षता एयरोडायनामिक्स को सौर-सहायित विद्युत प्रणोदन के साथ संयोजित करता है जिससे 12 घंटे तक की उड़ान क्षमता, 150 किमी की एक-तरफ़ा रेंज तथा औसत समुद्र तल से 6 किमी तक की सर्विस सीलिंग प्राप्त होती है, साथ ही इससे कम परिचालन लागत और कम रसद निर्भरता सुनिश्चित होती है। यह उत्पाद भारत की रक्षा तथा अत्यावश्यक नागरिक अनुप्रयोगों को उल्लेखनीय रूप से सीमा एवं समुद्री निगरानी, आईएसआर मिशन, अवसंरचना और परिसंपत्ति निरीक्षण तथा आपदा प्रबंधन परिचालन को सशक्त बनाएगा।
कंपनी की कार्यनीति योजना में सोलर + हाइड्रोजन हाइब्रिड वैरिएंट शामिल है जिसका लक्ष्य 24 घंटे की एंड्योरेंस क्षमता है, साथ ही भविष्य में हाई एल्टीट्यूड प्स्यूडो सैटेलाइट प्लेटफ़ॉर्म विकसित करने की योजना है जो 90 दिनों से अधिक अवधि के मिशनों को पूर्ण करने में सक्षम होगा।
इस साझेदारी के माध्यम से, एचपीसीएल स्वच्छ-ऊर्जा और डीप-टेक स्टार्टअप्स में भारत के स्वदेशी नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र को सशक्त बनाने की अपनी प्रतिवद्धता की पुनः पुष्टि करता है।
