नवरत्न सीपीएसई, एनबीसीसी (इंडिया) लिमिटेड ने दिनांक 30 सितंबर 2026 को अपने प्रशासनिक मंत्रालय, आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय (एमओएचयूए) के साथ वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए, जिसमें वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए कंपनी के प्रदर्शन संबंधी लक्ष्यों को निर्धारित किया गया है।
इस समझौता ज्ञापन पर मंत्रालय की ओर से श्रीमती डी. तारा (आईएएस), सचिव (सीडी), आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय तथा कंपनी की ओर से डॉ. के.पी. महादेवास्वामी, अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, एनबीसीसी द्वारा हस्ताक्षर किए गए।
हस्ताक्षर समारोह में श्री रवि कुमार अरोड़ा (आईएएस), संयुक्त सचिव (भूमि एवं संपदा); श्री संजीत (आईआरएएस), संयुक्त सचिव एवं वित्तीय सलाहकार, आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय; श्री संदीप कुलहरिया (आईआरएसएमई), निदेशक (संपदा), एम.ओ.एच.यू.ए.; डॉ.सुमन कुमार, निदेशक (वाणिज्य); श्री अंजीव कुमार जैन, निदेशक (वित्त) एवं श्री एम. बी. सिंघल, कार्यपालक निदेशक (वित्त), एनबीसीसी के साथ-साथ वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही तथा इस अवसर पर मंत्रालय और एनबीसीसी के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे। समझौता ज्ञापन में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए कंपनी के प्रदर्शन लक्ष्यों को निर्धारित किया गया है तथा वित्तीय एवं प्रचालनात्मक प्रदर्शन संबंधी मानकों के संदर्भ में एनबीसीसी द्वारा हासिल किए जाने वाले महत्वपूर्ण उपलब्धियों का संक्षिप्त विवरण प्रस्तुत किया गया है।
यह भी उल्लेख किया गया है कि वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए वार्षिक समझौता ज्ञापन (एम.ओ.यू.) के तहत असाधारण प्रदर्शन के लिए लोक उद्यम विभाग (डी.पी.ई.) द्वारा एनबीसीसी को ‘उत्कृष्ट’ रेटिंग प्रदान की गई है।
यह सम्मान एनबीसीसी की निरंतर प्रचालन उत्कृष्टता, मजबूत वित्तीय अनुशासन तथा राष्ट्रीय महत्व की अवसंरचना परियोजनाओं के निष्पादन में उसके अग्रणी भूमिका को रेखांकित करता है।
इस उपलब्धि की गति को बनाए रखते हुए, वित्तीय वर्ष 2026-27 में एनबीसीसी ने प्रमुख प्रत्यक्ष मानदंडों में उल्लेखनीय उपलब्धियों के साथ-साथ मजबूत वित्तीय परिणाम दर्ज किए हैं।
